विद्या हमारे घर पर वर्षों से काम कर रही हैं, जैसा नाम वैसा काम। घर के हर काम बखूबी ईमानदारी से करती हैं। मैं तो उसे अपनी घर की सदस्य की तरह ही समझती हूं। घर के काम तो ठीक है, वह अपने दुख – दर्द को भी हमारे साथ साझा करती हैं और हमारे घर की हर परेशानी में आगे खड़ी रहती हैं। विद्या का नाम विद्या तो था पर स्कूल का मुहँ कभी नहीं देखा था। वह पढ़ना – लिखना बिलकुल नहीं जानती थी। अगले दो महीने तक मैंने उसे काम पर आने के लिए मना कर दिया, मेरे मना करने से पहले ही उसने कहा “दिदि” “इम्फक्शन” का डर है, हमें सावधानी रखनी है इसलिए मैं दो महीने काम पर नहीं आऊँगी। ” पहले तो मैंने कहा” विद्या “इम्फक्शन” नहीं “इन्फेक्शन” होता है पगली, और मुझे खुशी है विद्या की तुम इतनी जागरूक हो। “लेकिन मुझे मन – ही – मन अफसोस होता था उसके अनपढ़ होने का, की काश विद्या पढ़ी – लिखी होती।
एक – दो महीने कब निकल गए मालूम ही नहीं चला। जब वो काम पर वापस आई तो कुछ दुखी नज़र आ रही थी और वह अभी कुछ दिनों से अपने साथ अपने बेटे को भी ला रही थी, मैंने आश्चर्य से पूछा “यह क्या विद्या?? इसकी पढ़ाई का नुकसान नहीं हो रहा हैं।” पहले तो वह कुछ नहीं बोली किंतु थोड़ी देर चुप रह कर………. “दिदि नुकसान तो हो रहा है लेकिन न मुझे मोबाइल चलाना आता न इसके पापा को। पढ़ाई कैसे हो?? आप तो जानती है आजकल मोबाइल से ही बच्चों की पढ़ाई हो रही हैं और मैं ही नहीं दिदि हमारे मोहल्ले में और भी कई बहने हैं जिनके पास मोबाइल तो हैं लेकिन उन्हें चलाना नहीं आता है, उनके बच्चों का भी भारी नुकसान हो रहा है। “विद्या की बात सुनकर मुझे लगा कि हमने टैक्नोलॉजी का तो आविष्कार कर लिया किंतु कही – न-कही उन निम्न वर्गो को छोड़ दिया जो अशिक्षित है। जो मोबाइल तो खरीद सकते हैं परंतु समय आने पर उसका उपयोग कैसे करें? वे नहीं जानते। फिर मैंने निश्चय किया कि सभी महिलाओं को शिक्षित करने का। विद्या के साथ – साथ मैने उन महिलाओं को शिक्षा और नयी – नयी टैक्नोलॉजी के बारे में बताया और यह भी बताया कि खुद किस तरह अॉनलाइन पढ़ाई अपने बच्चों की करवा सकती हैं। कुछ समय बाद विद्या ने बताया कि उसका बेटा अच्छे अंको से पास हो गया है। उसके चेहरे की खुशी देखकर मुझे लगा कि यह खुशी उन सभी निम्न अशिक्षित वर्गो को मिलना चाहिए जो इसके हकदार हैं। मैंने तो कोशिश की, आप भी करिये, करेंगे ना…..!!!!
Good sabhi ko yahi vichar hone chahiye
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Thank you so much
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